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इजरायल-हमास समझौते पर बड़ा फैसला, शवों के बदले छोड़े जाएंगे सैकड़ों कैदी

गाजा सिटी, 26 फरवरी 2025: मध्य पूर्व में जारी संघर्ष के बीच हमास और इजरायल के बीच हुए एक समझौते के तहत हमास ने चार मृत इजरायली बंधकों के शवों…

Feb 26, 2025
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इजरायल-हमास समझौते पर बड़ा फैसला, शवों के बदले छोड़े जाएंगे सैकड़ों कैदी

Photo: The Media Times / Representative Image

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गाजा सिटी, 26 फरवरी 2025: मध्य पूर्व में जारी संघर्ष के बीच हमास और इजरायल के बीच हुए एक समझौते के तहत हमास ने चार मृत इजरायली बंधकों के शवों को लौटाने की घोषणा की है। इसके बदले में, इजरायल सैकड़ों फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा करेगा। यह सौदा ऐसे समय में हुआ है जब दोनों पक्षों के बीच पहली चरण की संघर्षविराम संधि समाप्त होने वाली है।

हमास के प्रवक्ता अब्दुल लतीफ अल-कानू ने बुधवार को पुष्टि की कि गुरुवार को चार इजरायली बंधकों के शव सौंपे जाएंगे। इस समझौते के तहत, इजरायल को भी सैकड़ों फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा करना होगा, जिनमें महिलाएं और नाबालिग शामिल हैं, जिन्हें 7 अक्टूबर 2023 को हमास के हमले के बाद हिरासत में लिया गया था।

हालांकि, इजरायली अधिकारियों ने इस समझौते की पुष्टि तो की, लेकिन अधिक जानकारी देने से इनकार कर दिया। सूत्रों के अनुसार, इजरायल ने पिछले शनिवार से 600 फिलिस्तीनी कैदियों की रिहाई को रोक रखा था। इजरायल ने यह कदम हमास द्वारा बंधकों के साथ किए गए दुर्व्यवहार के विरोध में उठाया था।

हमास ने इस देरी को संघर्षविराम समझौते का गंभीर उल्लंघन बताया है और स्पष्ट किया है कि जब तक फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा नहीं किया जाता, तब तक संघर्षविराम के दूसरे चरण की बातचीत संभव नहीं होगी। इससे पहले मंगलवार को दोनों पक्षों ने बंधकों के शव लौटाने की सहमति जताई थी, लेकिन सटीक तारीख का ऐलान नहीं किया गया था।

इस घटनाक्रम के बीच, इजरायल ने हमास पर बंधकों को सार्वजनिक रूप से परेड कराने और उन्हें जबरदस्ती भीड़ के सामने हाथ हिलाने के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया है। इजरायल और रेड क्रॉस के अधिकारियों ने इन घटनाओं को अमानवीय और अपमानजनक बताया है। इसी वजह से इजरायल ने बीते सप्ताहांत में निर्धारित कैदियों की रिहाई को रोक दिया था।

इस सौदे पर बनी सहमति से संघर्षविराम के पहले चरण के सभी दायित्व पूरे हो जाएंगे। पहले चरण के तहत हमास 33 बंधकों को रिहा कर चुका है, जिनमें आठ मृत शरीर शामिल थे। बदले में, इजरायल करीब 2,000 फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा कर रहा है।

इस समझौते से व्हाइट हाउस के मध्य पूर्व दूत स्टीव विटकॉफ की क्षेत्रीय यात्रा का रास्ता भी साफ हो सकता है। विटकॉफ का कहना है कि वह संघर्षविराम के दूसरे चरण पर बातचीत शुरू करना चाहते हैं, जिसमें सभी शेष बंधकों की रिहाई और युद्ध को समाप्त करने की योजना शामिल होगी।

संयुक्त राज्य अमेरिका, मिस्र और कतर द्वारा किए गए संघर्षविराम समझौते ने 15 महीने से जारी भीषण लड़ाई को रोकने में मदद की थी। 7 अक्टूबर 2023 को हमास के हमले में लगभग 1,200 इजरायली मारे गए थे और करीब 250 लोग बंधक बना लिए गए थे। इसके जवाब में इजरायल की सैन्य कार्रवाई में अब तक 48,000 से अधिक फिलिस्तीनी मारे जा चुके हैं। हमास के स्वास्थ्य मंत्रालय का दावा है कि मरने वालों में आधे से ज्यादा महिलाएं और बच्चे हैं।

इस संघर्ष के कारण गाजा में 90% से अधिक आबादी बेघर हो चुकी है और वहां की बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाएं लगभग नष्ट हो चुकी हैं। ऐसे में यह नया समझौता संघर्ष को रोकने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। अब देखने वाली बात होगी कि संघर्षविराम का दूसरा चरण शुरू हो पाता है या नहीं।

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