द मीडिया टाइम्स डेस्क, 4 जून
Bihar News : बिहार में परिवहन क्षेत्र में एक नए युग का आगाज होने जा रहा है। अब महिलाएं बसों की स्टीयरिंग को अपने हाथों से घुमाएगी। राज्य में महिलाओं की सुरक्षा और सुविधा को मजबूत करते हुए परिवहन विभाग 50 नई पिंक बसें चलाने जा रहा है। इन बसों को चलाने के लिए इच्छुक महिलाओं को लाइट मोटर व्हीकल (एलएमवी) और हेवी मोटर व्हीकल (एचएमवी) का प्रशिक्षण दिया जाएगा और ट्रेनिंग के बाद उन्हें रोजगार भी उपलब्ध कराया जाएगा। परिवहन मंत्री दामोदर रावत ने पत्रकारों से कहा कि बिहार देश का पहला राज्य होगा, जहां सभी जिलों में इंटेलीजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (आईटीएमएस) लागू किया जाएगा। इसके तहत गांवों से लेकर शहरों तक 500 चिन्हित स्थानों पर ओवरलोडिंग, रेड लाइट जंपिंग, बिना हेलमेट, बिना सीट बेल्ट और मोबाइल फोन पर बात करते हुए वाहन चलाने जैसे उल्लंघनों पर स्वचालित ई-चालान जारी किए जाएंगे।
मंत्री ने कहा कि पीएम ई-बस सेवा के तहत इस माह पटना, मुजफ्फरपुर, गया, भागलपुर, दरभंगा और पूर्णिया में 200 आधुनिक इलेक्ट्रिक बसें शुरू की जाएंगी। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी इनका उद्घाटन करेंगे। फेज-II में और 400 इलेक्ट्रिक बसें चलाने की योजना है। साथ ही विभाग की ओर से पीपीपी मोड में 31 आधुनिक बस पड़ाव भी बनाए जाएंगे। इनमें पटना, मुजफ्फरपुर, गया, भागलपुर, पूर्णिया, दरभंगा समेत 31 शहरों को शामिल किया गया है। इन बस स्टॉपों में आधुनिक प्रतीक्षालय, डिजिटल सूचना बोर्ड, शौचालय, स्वच्छ पेयजल, पार्किंग, कैफेटेरिया जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
मंत्री ने कहा कि आम नागरिकों को ई-चालान का भुगतान आसानी से करने के लिए भारत बिल पेमेंट सिस्टम (बीबीपीएस) सेवा शुरू की जा रही है। इसके जरिए वाहन मालिक यूपीआई, मोबाइल बैंकिंग, इंटरनेट बैंकिंग, डेबिट या क्रेडिट कार्ड, क्यूआर कोड आदि के माध्यम से ऑनलाइन भुगतान कर सकेंगे। इससे लोगों को कार्यालयों के चक्कर लगाने या नकद भुगतान की परेशानी से मुक्ति मिलेगी।




